आला कन्हैया  देखो आला सुनो आज हम ये गान सुनाएँ इनकी जन्माष्टमी हम मनाएं पालने में इन्हें झुला झुलायें आरती फिर साथ में गाएं | गोपियों के संग जो रास रचाये